झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं तथा विद्यार्थियों पर बल प्रयोग के विरोध में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को उरई में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने शहीद भगत सिंह चौराहे पर झारखंड सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला दहन किया। इस दौरान एबीवीपी नेताओं ने सरकार पर विद्यार्थियों की आवाज दबाने का आरोप लगाया।
एबीवीपी के पदाधिकारियों ने कहा कि जेपीएससी एवं जेएसएससी की जिन परीक्षाओं की निष्पक्षता संदिग्ध हो चुकी है, उन्हें तत्काल रद्द कर पारदर्शी एवं निष्पक्ष प्रक्रिया के माध्यम से दोबारा आयोजित कराया जाना चाहिए। उन्होंने प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा संबंधी अन्य अनियमितताओं की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की।
कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि अपनी मांगों को लेकर परीक्षार्थी और विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ता रांची में शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। इसी दौरान प्रदर्शनकारियों पर लाठीचार्ज किया गया और कई विद्यार्थियों को गिरफ्तार किया गया। एबीवीपी ने इसे विद्यार्थियों के लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन बताते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि विद्यार्थियों पर किए गए बल प्रयोग की जांच कर दोषी अधिकारियों की जवाबदेही तय की जानी चाहिए। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए परीक्षा व्यवस्था में आवश्यक तकनीकी, प्रशासनिक और संस्थागत सुधार किए जाने की जरूरत है।
इस मौके पर प्रांत संयोजक चित्रांशु सिंह, विभाग संयोजक अभय दुबे, जिला संयोजक अमन पांडा, स्वयं गोस्वामी, कार्तिक पालीवाल, सहयोग नामदेव, अमन बुधोलिया, नितिन तिवारी, दिव्यांश अवस्थी, कीर्त, शुभम, कृष्णम, हिमांशु श्रीवास्तव, मयंक पटेल, अभिषेक राठौर और अनुज द्विवेदी समेत अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।




