जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित ग्रामीण पेयजल योजनाओं की निगरानी, शिकायतों के त्वरित निस्तारण एवं जनसहभागिता को मजबूत बनाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय ने बुधवार को एनआईसी सभागार में समीक्षा बैठक कर अधिकारियों को “जल सारथी” मोबाइल ऐप का व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनपद के प्रत्येक ग्राम स्तर तक इस ऐप का शत-प्रतिशत डाउनलोड एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल योजनाओं की पारदर्शी निगरानी हो सके और आमजन को समय पर बेहतर सुविधाएं मिलें।
बैठक में जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि ग्राम प्रधान, ग्राम सचिव, ग्राम पेयजल एवं स्वच्छता समिति (VWSC) के सदस्य, फील्ड टेस्ट किट (FTK) से प्रशिक्षित महिलाएं, आंगनबाड़ी कार्यकर्त्रियां, प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षक, लेखपाल, ग्राम विकास अधिकारी तथा अन्य जनप्रतिनिधियों के मोबाइल फोन में “जल सारथी” ऐप अनिवार्य रूप से डाउनलोड एवं इंस्टॉल कराया जाए। साथ ही सभी हितधारकों को ऐप के उपयोग एवं उसकी प्रमुख सुविधाओं की विस्तृत जानकारी भी दी जाए।
जिलाधिकारी ने बताया कि “जल सारथी” ऐप के माध्यम से जल जीवन मिशन की सभी पेयजल योजनाओं की जनपद एवं ग्राम स्तर तक अद्यतन स्थिति, मल्टी-लेवल डैशबोर्ड, ग्रामवार योजनाओं की प्रगति, निर्माण कार्य, संचालन एवं अनुरक्षण संबंधी सूचनाएं एक ही मंच पर उपलब्ध रहेंगी। इसके अलावा जल गुणवत्ता परीक्षण, फील्ड टेस्ट किट की गतिविधियां, जल गुणवत्ता प्रभावित क्षेत्रों की जानकारी तथा पाइपलाइन क्षति, अनियमित जलापूर्ति और सड़क पुनर्स्थापन जैसी समस्याओं की ऑनलाइन सूचना भी इस ऐप के माध्यम से प्राप्त की जा सकेगी।
उन्होंने कहा कि ऐप के जरिए ग्रामीण नागरिक अपनी शिकायतें ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे, शिकायतों की प्रगति की निगरानी कर सकेंगे तथा उन पर हुई कार्रवाई की स्थिति भी देख सकेंगे। इसके साथ ही ग्राम पंचायत स्तर पर जलापूर्ति की वर्तमान स्थिति, ग्राम पेयजल एवं स्वच्छता समिति (VWSC), एफटीके प्रशिक्षित महिलाओं, ग्राम प्रधान एवं अन्य संबंधित हितधारकों का विवरण भी ऐप पर उपलब्ध रहेगा।
बैठक में जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सूचना, शिक्षा एवं संचार (IEC) तथा आईएसए (ISA) गतिविधियों की प्रगति की भी ऐप के माध्यम से नियमित समीक्षा की जाए। उन्होंने कहा कि विभागीय अधिकारियों के संपर्क विवरण, योजनाओं की प्रगति एवं अन्य आवश्यक सूचनाएं भी इस प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध रहेंगी, जिससे ग्रामीण पेयजल योजनाओं के संचालन में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं जनभागीदारी को और अधिक मजबूती मिलेगी।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिला एवं डीडब्ल्यूएसएम (DWSM) की प्रत्येक बैठक में “जल सारथी” ऐप की प्रगति की समीक्षा की जाए और निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी लक्षित हितधारकों के मोबाइल फोन पर ऐप डाउनलोड कराकर उसका प्रभावी उपयोग शुरू कराया जाए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी के.के. सिंह, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) राजीव राज, अपर जिलाधिकारी (नमामि गंगे) प्रेमचंद मौर्य, अधिशासी अभियंता जल निगम (ग्रामीण) गुप्ता, जिला पंचायत राज अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




