राजकीय मेडिकल कॉलेज, उरई में सोमवार को विश्व एड्स दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। ओपीडी परिसर में आयोजित कार्यक्रम में एमबीबीएस, नर्सिंग और पैरामेडिकल के छात्रों ने बड़े उत्साह के साथ भाग लिया। छात्रों द्वारा तैयार किए गए पोस्टर विशेष आकर्षण का केंद्र बने, जिनमें एचआईवी/एड्स की रोकथाम, जागरूकता, सुरक्षित व्यवहार और सामाजिक संवेदनशीलता से जुड़े महत्वपूर्ण संदेश प्रभावी तरीके से प्रदर्शित किए गए।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एवं निर्णायक मंडल के रूप में प्राचार्य एवं डीन डॉ. अरविंद त्रिवेदी, सामुदायिक चिकित्सा विभाग के एक्टिंग एचओडी डॉ. शैलेंद्र प्रताप सिंह, फोरेंसिक मेडिसिन विभाग के एचओडी डॉ. चरक सांगवान तथा सामुदायिक चिकित्सा विभाग के डॉ. विशाल उपस्थित रहे। सभी विशेषज्ञों ने छात्रों द्वारा प्रस्तुत पोस्टरों का अवलोकन करते हुए उनकी रचनात्मकता और सामाजिक जागरूकता के लिए सराहना की।
नर्सिंग कॉलेज की ओर से सहायक प्रोफेसर स्वाति पटनवाल, सहायक आचार्य ओम प्रकाश शर्मा, नेहा सिंह, आकाश पाल, ऋतु, जेनिफर हेनरी, दीपक गहलोत, शिवम सिंह तोमर, राकेश तंवर, नेहा चौहान, प्रियांका कुशवाहा, समीक्षा विश्वकर्मा, दीप्ति सिंह, ईरम अंसारी, प्रतिभा देवी, पल्लवी मिश्रा सहित कई नर्सिंग ट्यूटर एवं संकाय सदस्य कार्यक्रम में मौजूद रहे। सभी ने छात्रों को एड्स जागरूकता से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की।
मुख्य अतिथियों ने कहा कि एचआईवी/एड्स के प्रति जागरूकता ही इसके संक्रमण को रोकने का सबसे प्रभावी माध्यम है। समाज में आज भी इस विषय को लेकर अनेक भ्रांतियाँ हैं, जिन्हें दूर करने में ऐसे शैक्षिक कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि मेडिकल और नर्सिंग विद्यार्थी ही भविष्य में स्वास्थ्य सेवा का महत्वपूर्ण आधार बनेंगे, और उनका जागरूक होना समाज के लिए एक सकारात्मक संदेश है।
कार्यक्रम के अंत में बताया गया कि पोस्टर प्रतियोगिता में विजयी प्रतिभागियों को कॉलेज प्रशासन द्वारा प्रमाणपत्र और पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। इस अवसर पर छात्रों ने एड्स के प्रति जागरूक रहने, सुरक्षित व्यवहार अपनाने और समाज में इसके प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण फैलाने का संकल्प लिया।




